जिला पंचायत उपाध्यक्ष दीपक सिदार : की अध्यक्षता में शिक्षा विभाग की योजनाओं और व्यवस्थाओं की समीक्षा बैठक आयोजित

रायगढ़ जिला पंचायत सभाकक्ष में शिक्षा विभाग की योजनाओं और शिक्षा व्यवस्था की समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि


रिपोर्ट: जागेश्वर भुईहर ( जिला ब्यूरो रायगढ़ ) 

 रायगढ़। जिला पंचायत रायगढ़ में जिला स्तरीय शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री दीपक कुमार सिदार की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में जिले की शिक्षा व्यवस्था को अधिक सुदृढ़, गुणवत्तापूर्ण एवं विद्यार्थी हितैषी बनाने के उद्देश्य से विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा एवं समीक्षा की गई।

बैठक के दौरान विद्यालयों में शिक्षकों की कमी, विद्यार्थियों के प्रवेश, जाति एवं निवास प्रमाण पत्र, मध्यान्ह भोजन, पाठ्यपुस्तक एवं साइकिल वितरण सहित विद्यालय भवनों, पेयजल, स्वच्छता तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं की स्थिति की समीक्षा की गई। इसके अलावा विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने तथा जिले की शिक्षा व्यवस्था में आवश्यक सुधार के संबंध में अधिकारियों से जानकारी 

जिला पंचायत उपाध्यक्ष दीपक कुमार सिदार शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों के साथ



इस अवसर पर जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री दीपक कुमार सिदार ने शिक्षा को समाज और राष्ट्र के विकास की मजबूत नींव बताते हुए शिक्षा विभाग के अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों से समन्वय के साथ कार्य करने पर जोर दिया। उन्होंने विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं को सुदृढ़ करने तथा विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर बल दिया।

बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी, डीएमसी, समस्त विकासखंड शिक्षा अधिकारी, जिला पंचायत के सदस्य तथा विभिन्न जनपद पंचायतों के उपाध्यक्ष उपस्थित रहे। अधिकारियों ने शिक्षा विभाग की विभिन्न योजनाओं एवं व्यवस्थाओं की प्रगति की जानकारी प्रस्तुत की।

बैठक का मुख्य उद्देश्य शिक्षा विभाग की योजनाओं की समीक्षा के साथ-साथ रायगढ़ जिले की शिक्षा व्यवस्था को धरातल पर और अधिक मजबूत बनाना तथा विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए बेहतर शैक्षणिक वातावरण तैयार करना रहा।

शिक्षा में सुधार, विद्यार्थियों का बेहतर भविष्य तथा विद्यालयों में आवश्यक सुविधाओं के विस्तार को प्राथमिकता देते हुए जिला पंचायत रायगढ़ द्वारा शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने की दिशा में आवश्यक प्रयासों पर बैठक में चर्चा की गई।

प्राथमिक शाला चारगोड़ा में धूमधाम से मनाया गया शाला प्रवेश उत्सव, नवप्रवेशी बच्चों का किया गया स्वागत

शाला प्रवेश उत्सव में विद्यार्थियों को पाठ्यपुस्तक वितरण करते अतिथि व शिक्षक।
प्राथमिक शाला चारगोड़ा में आयोजित शाला प्रवेश उत्सव के दौरान विद्यार्थियों के साथ अतिथि एवं शिक्षकगण।
रिपोर्ट - प्रमोद प्रधान (लैलूंगा)

लैलूंगा। वार्ड क्रमांक 06 स्थित प्राथमिक शाला चारगोड़ा में 16 जून को शाला प्रवेश उत्सव उत्साह एवं हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर नवप्रवेशी विद्यार्थियों का तिलक लगाकर एवं मिठाई खिलाकर आत्मीय स्वागत किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सर्व आदिवासी समाज के ब्लॉक युवा अध्यक्ष एवं वार्ड पार्षद प्रतिनिधि शिवशंकर पैंकरा उपस्थित रहे। उनके साथ शाला विकास समिति के अध्यक्ष, पालकगण, जनप्रतिनिधि एवं वार्ड के गणमान्य नागरिक भी शामिल हुए।
अतिथियों ने बच्चों एवं अभिभावकों को शिक्षा के महत्व से अवगत कराते हुए सभी बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजने की अपील की। उन्होंने कहा कि शिक्षा ही बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है।
शाला प्रवेश उत्सव के दौरान शाला विकास समिति के अध्यक्ष, पालकों एवं जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में विद्यार्थियों को निःशुल्क पाठ्यपुस्तकों का वितरण भी किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बच्चों को विद्यालय से जोड़ना तथा शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
अंत में विद्यालय परिवार द्वारा सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया गया तथा विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।

स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय कोड़ासिया में धूमधाम से मनाया गया प्रवेश उत्सव, नवप्रवेशी विद्यार्थियों का हुआ भव्य स्वागत

 

स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय कोड़ासिया में आयोजित प्रवेश उत्सव कार्यक्रम का दृश्य।
प्रवेश उत्सव कार्यक्रम में उपस्थित विद्यार्थी, अभिभावक एवं गणमान्य अतिथि।
कोड़ासिया। शिक्षा के क्षेत्र में नई पहचान प्राप्त कर चुके स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय कोड़ासिया में 18 जून 2026 को प्रवेश उत्सव का आयोजन उत्साह, उमंग और गरिमामय वातावरण के बीच संपन्न हुआ। उल्लेखनीय है कि इसी वर्ष विद्यालय को स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय का दर्जा प्राप्त हुआ है, जिसके बाद आयोजित यह पहला प्रवेश उत्सव विद्यार्थियों, अभिभावकों एवं ग्रामीणों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहा।

स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय कोड़ासिया में सम्मानित विद्यार्थी और अतिथि।
प्रवेश उत्सव में उत्कृष्ट विद्यार्थियों को सम्मानित कर अध्ययन सामग्री वितरित करते अतिथि।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि श्री पारेश्वर प्रधान तथा विशिष्ट अतिथि श्री लक्ष्मी प्रसाद मालाकार, श्री गौरी शंकर मालाकार, श्री रामसाय नाग, श्री कन्हैयालाल मालाकार एवं श्री सेतराम मालाकार सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। अतिथियों की गरिमामय उपस्थिति ने कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई।

विद्यालय के प्राचार्य श्री मालिकचंद्र भारद्वाज के मार्गदर्शन में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के पूजन-अर्चन एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इसके पश्चात अतिथियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया गया तथा नवप्रवेशी विद्यार्थियों का चंदन तिलक लगाकर आत्मीय अभिनंदन किया गया। बच्चों को मिठाई वितरित कर उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी गईं।

प्रवेश उत्सव के दौरान विद्यार्थियों को गणवेश, पाठ्यपुस्तकों  का वितरण किया गया। साथ ही कक्षा 5वीं, 8वीं, 10वीं एवं 12वीं के उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर उनकी उपलब्धियों की सराहना की गई । कक्षा 9 वीं में प्रवेश लेने वाली छात्रा को साइकिल भी दिया गया।

स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय कोड़ासिया में प्रवेश उत्सव के दौरान छात्रा को साइकिल वितरित करते अतिथि।
साइकिल प्रदान करते मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथि।
अपने संबोधन में अतिथियों ने शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को अनुशासन, परिश्रम और संस्कारों के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। विशिष्ट अतिथि श्री लक्ष्मी प्रसाद मालाकार ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा ही बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है तथा समाज के विकास का सबसे प्रभावी माध्यम भी।

कार्यक्रम के अंत में प्राचार्य श्री मालिकचंद्र भारद्वाज द्वारा प्रवेश उत्सव से संबंधित प्रेरणादायी शुभकामना गीत प्रस्तुत किया गया, जिसकी उपस्थित लोगों ने सराहना की। उन्होंने विद्यालय की उपलब्धियों और नए शैक्षणिक सत्र की योजनाओं की जानकारी देते हुए सभी विद्यार्थियों को मन लगाकर अध्ययन करने का संदेश दिया। आभार प्रदर्शन के साथ कार्यक्रम का सफल समापन हुआ।

विद्यालय को हाल ही में प्राप्त स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय की नई पहचान के बीच आयोजित यह प्रवेश उत्सव शिक्षा के प्रति विद्यालय परिवार की प्रतिबद्धता और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के संकल्प का प्रतीक बनकर उभरा।